जल जीवन मिशन के तहत हुआ ‘हर घर जल प्रमाणीकरण’, ग्रामीणों ने जताई खुशी
कांकेर। अंतागढ़ ब्लॉक के दूरस्थ और अति संवेदनशील ग्राम पाढ़रगांव (ग्राम पंचायत कोलर) में अब हर घर नल कनेक्शन के माध्यम से शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है। रविवार को आयोजित ग्राम सभा में हर घर जल प्रमाणीकरण किया गया, जिसकी अध्यक्षता ग्राम सरपंच ने की।
ग्राम सभा में दी गई जानकारी
ग्राम सभा के दौरान जिला समन्वयक निशा वामन ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि –
“जल जीवन मिशन का उद्देश्य सिर्फ पानी पहुँचाना नहीं है, बल्कि इसे संचालन, संधारण और प्रबंधन की जिम्मेदारी के साथ सतत बनाए रखना है। इसके लिए ग्रामवासियों और समितियों को मिलकर कार्य करना होगा।”
उन्होंने ग्रामीणों को यह भी बताया कि अब गाँव में पाइपलाइन, टंकी, घरेलू नल कनेक्शन की सुविधा स्थापित की जा चुकी है। साथ ही पानी के सदुपयोग और संरक्षण के महत्व पर भी जोर दिया गया।
स्थानीय जिम्मेदारी और प्रबंधन
ग्राम सभा में विशेष रूप से जल बहिनी, पंप ऑपरेटर, प्लंबर, हेल्पर और ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति के दायित्वों पर चर्चा हुई। समिति को यह सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी दी गई कि:
- प्रत्येक घर तक नियमित जल आपूर्ति हो।
- पानी की गुणवत्ता समय-समय पर जांची जाए।
- पाइपलाइन और टंकी की मरम्मत व रखरखाव हो।
- जल का दुरुपयोग न हो और सभी परिवार जिम्मेदारी से जल का प्रयोग करें।
कार्यक्रम में रही सक्रिय भागीदारी

इस अवसर पर जिला समन्वयक ज्योति शांडिल्य, जल नमूना संग्रहकर्ता देवकरण मांडवी, मेसर्स साहू ट्यूबवेल के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।
ग्रामवासियों ने इस योजना के लिए सरकार और विभाग का आभार व्यक्त किया और वादा किया कि वे पानी की इस सुविधा को दीर्घकालीन बनाए रखने में सहयोग करेंगे।
ग्रामीणों को मिल रही राहत
इस पहल से पाढ़रगांव के लोगों को शुद्ध पेयजल की सुविधा तो मिली ही है, साथ ही अब उन्हें दूर-दराज़ से पानी ढोने की समस्या से भी छुटकारा मिलेगा। महिलाओं और बच्चों पर सबसे अधिक असर होगा, क्योंकि पहले उन्हें पानी लाने में घंटों मेहनत करनी पड़ती थी। अब यह समय वे शिक्षा, स्वास्थ्य और आजीविका संबंधी कार्यों में लगा पाएंगे।
आगे की राह
ग्राम पंचायत और ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति ने यह संकल्प लिया है कि:
- जल आपूर्ति की गुणवत्ता पर नियमित निगरानी रखी जाएगी।
- भविष्य में वृक्षारोपण और जल संरक्षण गतिविधियों को भी प्राथमिकता दी जाएगी।
- बच्चों और युवाओं को भी जल संरक्षण से जोड़ने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाएगा।
पाढ़रगांव का यह प्रयास दिखाता है कि कैसे जल जीवन मिशन दूरस्थ और संवेदनशील इलाकों तक पहुँचकर ग्रामीणों के जीवन में बड़ा बदलाव ला रहा है।
